नप के जेई पर आवास योजना में रिश्वत मांगने का आरोप लाभार्थी की शिकायत पर नगर परिषद ने किया जांच टीम गठित


                                     लाभार्थी के घर कमीशन खोरी की जांच करते नप अधिकारी

गौतम कुमार की रिपोर्ट ;-

प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लाभार्थियों को मिलने वाले राशि में एक जेई द्वारा दस फ़ीसदी कमीशन मांगने कि शिकायत पर नगर परिषद ने दो सदस्यीय जांच टीम गठित किया है। लाभार्थी मदन गिरी की लिखित शिकायत के बाद मुख्य पार्षद व नप ईओ सुशील कुमार सिंह के निर्देश पर शुक्रवार को सिटी मैनेजर मनोज भारती व सहायक अभियंता कुलदीप सिंह ने लाभार्थी के घर पहुंच कर मामले की जांच शुरू की। बताया जाता है, कि वार्ड संख्या एक प्रयाग बिगहा, पानी टंकी निवासी मदन गिरी ने मुख्य पार्षद व कार्यपालक पदाधिकारी को दिए लिखित आवेदन में कहां कि वे वर्षों से झोपड़ी में रहते थे। उनकी भूमि पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत उन्हें नगर परिषद द्वारा प्रथम किश्त के रूप में दिसम्बर माह में पचास हजार रुपए नगर परिषद द्वारा प्राप्त हुआ। जिसके बाद उन्होंने नियमानुसार आवास हेतु प्रथम किस्त की राशि से कार्य किया। प्रथम किस्त की राशि समाप्त होने के बाद जब उन्होंने इसकी सूचना नगर परिषद को दी। तो आवास योजना से जुड़े कनीय अभियंता हबीब अख्तर द्वारा मोबाइल नंबर 99342 97543 व एक अन्य मोबाइल नंबर से उनके मोबाइल पर लगातार दस प्रतिशत कमीशन की मांग की जाने लगी। उनके साथ आवास का कार्य देख रहे नगर परिषद के एक अन्य कर्मी नवनीत कुमार द्वारा भी 86970 97926 से बराबर कॉल कर पांच हजार रुपया कमीशन मांगा जाने लगा। यही नहीं हबीब अख्तर ने दो मार्च को सुबह दूरभाष पर लाभार्थी से यह भी कहा कि वह एक आदमी भेजेंगे  जिसे पांच हजार रुपया दे देना। उसी दिन दोपहर आवास योजना के कार्य देख रहे नवनीत कुमार लाभार्थी के घर पहुंचकर पांच हजार रूपए राशि की मांग करने लगे। जब लाभार्थी मदन गिरी ने पैसा देने से इनकार किया तो उक्त कर्मी ने आवास के लिए उसका नाम सूची से हटाने वह दूसरे किस्त की राशि नहीं देने की धमकी दी। लाभार्थी की लिखित शिकायत पर कार्यपालक पदाधिकारी सुशील कुमार सिंह ने संज्ञान लेते हुए सिटी मैनेजर मनोज भारती व सहायक अभियंता कुलदीप सिंह को जांच का आदेश दिया। लाभार्थी के घर प्रयाग बिगहा पहुँचेज दोनों अधिकारियों ने लाभार्थी से घंटों पूछताछ की। लाभार्थी ने दोनों अधिकारियों को कमीशन से संबंधित बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग दी। कार्यपालक पदाधिकारी सुशील कुमार सिंह व मुख्य पार्षद विशाखा सिंह ने कहा कि इस तरह की शिकायत गंभीर मामला है। शिकायत मिलने के बाद तत्काल जांच कराई गई है। जांच रिपोर्ट के बाद अग्रतर कार्रवाई की जाएगी।