गौतम कुमार की रिपोर्ट ;-
डेहरी /रोहतास
निज प्रतिनिधि, डेहरी आन सोन (रोहतास)। रेल संग़ठन ईस्ट सेन्ट्रल रेलवे कर्मचारी युनियन ने आज पंडित दीनदयाल उपाध्याय रेल मंडल के विभिन्न स्टेशनों तथा कार्यालयों पर भारत सरकार के द्वारा रेल नेताओं का फोन टैपिंग मामले को लेकर विरोध-प्रदर्शन किया और इस टैपिंग मामले की निंदा करते हुए धिक्कार दिवस मनाया।जिसका नेतृत्व डीडीयू रेल डिपो में केन्द्रीय संग़ठन सचिव बी बी पासवान एवं सुलतान अहमद, डीडीयू शाखा वन में श्रीराम सिंह, डीडीयू शाखा दो में केदार प्रसाद केन्द्रीय उपाध्यक्ष एवं भैया लाल,डीडीयू शाखा तीन में एस पी सिंहा,भभूआ में रमेश चंद्रा, पुसौली में गुंजन कुमार, कुदरा मेंअरविंद मिश्रा एवं सुनील गुप्ता, सासाराम में मनोज गुप्ता, बिक्रमगंज में नीरज तिवारी व राजेश कुमार, डेहरी आन सोन में केन्द्रीय सहायक महामंत्री रमेश चंद्रा व संयुक्त सचिव ए के सिंहा,सोननगर में गणेश कुमार, औरंगाबाद में हरेन्द्र सिंह, जाखिम राजेन्द्र पासवान, जपला स्टेशन पर उपाध्यक्ष वीरेन्द्र पासवान व सचिव एस पी सिंह, सहायक मंडल अभियंता कार्यालय जपला में विजय बहादुर, रफीगंज में मुकेश सिंह तथा गया में केन्द्रीय कार्यकारी अध्यक्ष सह पीएनएम प्रभारी मिथिलेश कुमार व सचिव विजय कुमार कर रहे थे। इस अवसर पर रेलकर्मियों को सम्बोधित करते हुए ईसीआरकेयू के उपाध्यक्ष वीरेन्द्र पासवान ने कहा कि केन्द्र सरकार के द्वारा रेल नेताओं का फोन टैपिंग कराना व्यक्तिगत स्वतंत्रता का हनन है। जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हमारे राष्ट्रीय नेता आँल इंडिया रेलवे मेन्स फैडरेशन के महामंत्री शिवगोपाल मिश्रा के फोन को इजराइली पेगासस सॉफ्टवेयर के जरिए जासूसी कराई जा रहीं हैं।जिससे रेलकर्मचारियों में भारी गुस्सा है।अभी तक सरकार विपक्षी दलों के फोन की निगरानी करती रही है, लेकिन अब रेल मजदूरों के नेताओं तक के फोन की जासूसी की जा रही है। यह हमारे प्राईवेसी तथा लोकतंत्र पर सीधे तौर पर हमला है।
पासवान ने केन्द्र सरकार को श्रमिक विरोधी बताते हुए कहा कि केन्द्र सरकार ऐसे जासूसी के बल पर श्रमिकों के आंदोलन को कमजोर करना चाहती है। जो संगठन या नेता सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद करता है, उसे ये सरकार कुचलने की साजिश करती है। ये हमारे मूल अधिकारों के साथ ही हमारे प्राईवेसी पर हमला है।
उन्होंने ने कहा कि हम किसी राजनीतिक दल से जुड़े लोग नहीं है और न ही हमारी कोई राजनीतिक दल से प्रतिबध्ता है। हम मजदूरों के हक की लड़ाई लड़ते रहे हैं और आगे भी लड़ते रहेंगे।सरकार फोन टैपिंग कर श्रमिकों की लड़ाई को कमजोर नहीं कर सकती।ईसीआरकेयू धिक्कार दिवस के जरिए सरकार की दोषपूर्ण और मजदूर विरोधी नीतियों का विरोध करती हैं।
इस अवसर पर ईसीआरकेयू के नेता अमरेन्द सिंह, रवि रंजन सिंह, अखिलेश कुमार, बबन पासवान,अजय कुमार,धर्मेन्द्र कुमार,रमेश विरूआ,मिथलेश कुमार, शिव मिस्त्री ,कुणाल कुमार सहित बडी संख्या में रेलकर्मी उपस्थित थे।
