दीपराज की रिपोर्ट ;-
डेहरी/ रोहतास
सरकार द्वारा लोगों को कोरोना महामारी से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा सेंटर स्थापित कर निशुल्क वैक्सीन दिए जा रहे हैं। इसमें मुख्य रूप से 18 से 45 वर्ष के बीच के लोग हैं। प्रत्येक वैक्सीनेशन सेंटर पर स्वास्थ्य विभाग की टीम व प्रशासन की टीम मौजूद है। लेकिन कुछ वैक्सीनेशन सेंटर पर व्यक्तिगत दूरी केवल स्लोगन बनकर रह गया है। यह मामला डेहरी अनुमंडल के मकराईन ब्रह्म स्थान के पास प्राथमिक विद्यालय का है। जहां लोगों को वैक्सीन देने के लिए सेंटर स्थापित किया गया है। जबकि टीकाकरण को लेकर स्वास्थ्य विभाग, प्रशासन व सामाजिक कार्यकर्ता ने लोगों में जागरूकता फैलाने के लिए हर जगह महामारी से बचाव को लेकर तीन प्रमुख अस्त्र बताये हैं। जिसमें वैक्सीनेशन, मास्क व व्यक्तिगत दूरी महत्वपूर्ण है। लेकिन प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग की टीम की उपस्थिति में लोग व्यक्तिगत दूरी का पालन करते नहीं दिख रहे हैं। इन परिस्थिति में कोरोना महामारी से समाज व देश को किस प्रकार बचाया जा सकता है। यह एक गंभीर प्रश्न है। वही वैक्सीनेशन सेंटर पर प्रशासन की कमी के साथ उपस्थित प्रशासन की टीम द्वारा लापरवाही भी दिखी। लोगों को क्रम से वैक्सीन लेने के लिए आग्रह करते हुए नजर तो आये, लेकिन व्यक्तिगत दूरी के बारे में कहीं कोई जिक्र करते हुए नजर नहीं आये। इन परिस्थिति में लोग भी खूब लापरवाह दिखे। वही कुछ सामाजिक कार्यकर्ताओं ने व्यवस्था व प्रशासन की कमी तथा लोगों में जागरूकता के अभाव को जिम्मेदार मानते हुए कहा कि, जिस प्रकार एक वैक्सीनेशन
सेंटर पर सैकड़ों की संख्या में लोग जमा हो रहे हैं इससे साफ जाहिर होता है कि वैक्सीन के प्रति लोगों में विश्वास बढ़ा है। सबसे अच्छा होगा कि सरकार द्वारा स्वास्थ्य विभाग की टीम बनाकर घर घर जाकर वैक्सीनेशन कराई जाए। जिससे व्यक्तिगत दूरी के पालन के साथ-साथ लोगों को परेशानी का सामना नहीं करना होगा तथा बहुत जल्द सभी लोगों को वैक्सीनेशन भी हो जाएगा और यूरोपीय देशों की तरह हमारा भी देश बहुत जल्द कोरोना नामक महामारी से मुक्त हो जाएगा।
