पैक्स मतदान को लेकर कर्मियों का हुआ प्रशिक्षण



 

मयंक कुमार की रिपोर्ट -

औरंगाबाद:- सहकारी समितियों का निर्वाचन 2021 के अंतर्गत प्राथमिक कृषि साख समिति( पैक्स) को ले मतदान कर्मियों का प्रशिक्षण का आयोजन नगर भवन औरंगाबाद में किया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में 700 की संख्या में  मतदान पदाधिकारियों को प्रशिक्षण दिया गया। विदित हो कि औरंगाबाद जिले के आठ प्रखंडों में 15 फरवरी 2021 को  22 पैक्सो का चुनाव  होना है। देव तथा दाउदनगर को छोड़कर शेष सभी आठ प्रखंडों के 113 मतदान केंद्रों पर मतदान होना है। प्रशिक्षण कार्यक्रम में उप निर्वाचन पदाधिकारी जावेद इकबाल ने उपस्थित पदाधिकारियों को बतलाया कि यह चुनाव लोकसभा और विधानसभा के चुनाव से बिल्कुल अलग है। इस चुनाव में मत पत्रों तथा मतपेटिकाओ का प्रयोग किया जाना है। इस चुनाव द्वारा समिति के अध्यक्ष सहित 12 सदस्यों का चुनाव होना है। इसमें एक पद अध्यक्ष का तथा 11 सदस्यों का है। सदस्यों में दो पद पिछड़ी जाति के, दो पद अत्यंत पिछड़ी जाति के, 2 पद अनुसूचित जाति एवं जनजाति के  तथा 5 पद अनारक्षित हैं।  इस चुनाव हेतु पांच मतपत्रों का प्रयोग किया जाएगा। जिसमें मतदाता अपने पसंद के 12 अभ्यर्थियों का चयन करेंगे । उप निर्वाचन पदाधिकारी ने उपस्थित मतदान अधिकारियों को आगाह किया कि आपकी किसी भी तरह की लापरवाही आपको परेशानी में डाल सकती है। इसलिए प्रशिक्षण में बताई जा रही एक-एक बिंदु को सही से समझें एवं जहां संदेह हो उसे यहीं स्पष्ट कर ले। प्रत्येक लोग मत पेटिका को खोलने और बंद करने , सील करने संबंधित सारी जानकारी अवश्य प्राप्त कर लेंगे। प्रशिक्षण कार्यक्रम में मुख्य मास्टर प्रशिक्षक राजकुमार गुप्ता ने पदाधिकारियों को उनके कार्यों के बारे में विस्तार पूर्वक बताया उन्होंने बताया कि पीठासीन पदाधिकारी आवंटित प्रखंड मुख्यालय से जो भी सामग्री प्राप्त करेंगे। उसका वे सही सही मिलान कर लेंगे। खासकर निर्वाचक नामावली की चिन्हित तथा सामान्य प्रति, प्रभेदक  चिन्ह, एरो क्रॉस निशान, स्टैंप पैड मेटल सील , आवश्यक सभी प्रपत्र एवं लिफाफा।  पीठासीन अधिकारी प्रखंड मुख्यालय से  प्राप्त मतपेटिका  की जाँच  कर लेंगे , यदि खराबी हो तो तत्काल बदल लेंगे।  बारी बारी से प्रथम , द्वितीय एवं तृतीय मतदान अधिकारी के कार्य एवं दायित्वों  को विस्तार पूर्वक बताया गया ।प्रथम मतदान अधिकारी मतदाता के पहचान के अधिकारी होते हैं तथा उनके पास अध्यक्ष पद का मतपत्र होगा, द्वितीय मतदान पदाधिकारी के पास शेष चार प्रकार के मत पत्र होंगे , तृतीय मतदान पदाधिकारी दिए गए मतपत्रों को  मोड़ कर मतदाता को मत देने की प्रक्रिया से अवगत कराएगा । इस चुनाव में अमिट स्याही का प्रयोग नहीं किया जाता है , साथ ही मतदाता से संबंधित सारे विवरण मतपत्रों के प्रतिपर्ण पर ही अंकित किए जाते हैं । मतदाता अपनी पहचान के लिए  मतदाता पहचान पत्र के अलावा 16 अन्य विकल्पों का भी प्रयोग कर सकते हैं । उपस्थित मतदान अधिकारियों को बताया गया कि सभी मतपत्र सफेद कागज पर अलग-अलग रंग से मुद्रित होंगे , जैसे अध्यक्ष के लिए लाल रंग से,  अनुसूचित जाति जनजाति के लिए नीला रंग से अत्यंत पिछड़ा वर्ग के लिए काला रंग से,  पिछड़ा वर्ग के लिए हरा रंग से तथा सामान्य वर्ग के लिए नारंगी रंग से मुद्रित होगा। पीठासीन पदाधिकारी निश्चित रूप से सभी मतपत्रों के पीछे अपना पूर्ण हस्ताक्षर करेंगे, जिससे मतपत्र विधि मान्य हो सके। प्रशिक्षण में मत पेटियो की तैयारी, उन्हें सील करने,  बज्र गृह में  जमा करने के बारे में भी विस्तार पूर्वक बतलाया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में  के सहायक कोषागार पदाधिकारी गुलफाम आजम, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी माध्यमिक शिक्षा शैलेंद्र कुमार सिंह, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी  मध्यान भोजन अमीन सिंह सहित प्रशिक्षण कोषांग के सहयोगी कर्मी कुंदन कुमार ठाकुर , महेश कुमार सिंह , अंकित कुमार,  पंकज कुमार उपाध्याय,  जितेंद्र कुमार सिन्हा , मृत्युंजय कुमार इत्यादि मौजूद रहे।