पूर्व एमएलसी ने पीएम और सीएम राहत कोष में भेजी राशि। डेहरी के राहत शिविर में भी दीया सहयोग का आश्वासन।

गौतम शर्मा
डेहरी/ रोहतास
लोक जनशक्ति पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष संसदीय बोर्ड के सदस्य पूर्व एमएलसी हुलास पांडेय ने कोरोनावायरस को लेकर प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री राहत कोष में निजी मत से राशि भेजी है। साथ ही पूर्व विधान पार्षद को मिल रहे पेंशन में से तीन माह का पेंशन राशि भी मुख्यमंत्री राहत कोष में दिया है। इस संबंध में प्रेस बयान जारी कर पूर्व विधान पार्षद हुलास पांडेय ने कहा है, कि देश गंभीर परिस्थितियों से जूझ रहा है। ऐसे में बिहार के कई ऐसे मजदूर हैं, जो जहां-तहां फंसे हुए हैं। साथ ही दिहाड़ी मजदूरों के बीच खाने के लाले भी पड़ गए हैं। केंद्र व राज्य सरकार के द्वारा इस संदर्भ में उठाए गए कदम की प्रशंसा के साथ साथ सहयोग हेतु हर किसी को आगे आने की आवश्यकता है। उन्होंने अपनी निजी कंपनी ज्ञान इंफ्राबिल्ड प्राइवेट लिमिटेड की ओर से प्रधानमंत्री सहायता कोष में पांच लाख रुपए व मुख्यमंत्री सहायता कोष में एक लाख रुपए की राशि भेजी है। साथ ही तीन महीने का पेंशन भी सरकारी सहायता कोष में जमा किया है। उन्होंने बताया कि इसके अलावा शाहाबाद के किसी भी जिले में गरीबों को भोजन की कमी नहीं होने दी जाएगी। जहां जहां भी राहत शिविर चल रहे हैं। उनमें वह निजी स्तर पर सहयोग कर रहे हैं।  डेहरी नगर परिषद में चल रहे सामुदायिक रसोईघर में भी खाद्य सामग्री दिया। बताते चलें कि हुलास पांडेय शाहाबाद ही नहीं पूरे बिहार में अपने अलग अंदाज से जाने जाते हैं। तथा किसी भी तरह के सामाजिक कार्यों व गरीबों की सेवा में बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाते हैं। यही कारण है ,कि पार्टी ने भी उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। पूर्व विधान पार्षद के द्वारा निजी मद स प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री राहत कोष में सहयोग करने के साथ-साथ राहत शिविर में बढ़-चढ़कर सहयोग करने की कई लोगों ने प्रशंसा की है। लोजपा प्रदेश संगठन सचिव अशोक पासवान, अधिवक्ता मनीष सिंहा, अकोढ़ी गोला प्रखंड प्रमुख संतोष पासवान समेत विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं प्रशासनिक अधिकारियों वह नगर परिषद के प्रतिनिधि शामिल है।