दीपराज की रिपोर्ट ;-
वायरल न्यूज़ से दरिहट के लोग परेशान
80 से 90 व्यक्तियों की कोरोना के कारण मौत की खबर झूठी:- एसडीएम सुनील कुमार
डेहरी/रोहतास
डेहरी प्रखंड के दरिहट गांव के लोग अचानक हताश, निराश हो गए है। 14 तारीख को एबीपी चैनल सहित कई इलेक्ट्रिक मीडिया ने जब टीवी पर यह बताया कि दरिहट गांव में 70 से 90 व्यक्तियों की कोरोना काल से मृत्यु हो गई है। इस खबर से लोग परेशान व हताश है। जो लोग बिमार है, उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है। यह खबर देखते ही लोग आश्चर्यचकित हो गए। एक दूसरे से पूछने लगे यह कौन सी गांव की न्यूज़ है। उनको पता चला किसी ने हमारे ही गांव का फर्जी वीडियो बनाकर कई चैनलों पर प्रसारित कर दिया। ऐसी खबर प्रखंड और जिला के कई अधिकारियों को पता चलते ही उनके हाथ पांव फूल गए।क्षेत्र के लोगों से, सभी जनप्रतिनिधियों, क्षेत्रीय पदाधिकारयो से ऐसी खबर के सत्यापन के बारे मे पूछा गया। खबर को देखते हुए डीडीसी के अध्यक्षता में दरिहट पंचायत भवन पर सभी जनप्रतिनिधियों के साथ और प्रखंड स्तरीय व अनुमंडल स्तरीय पदाधिकारियों के साथ बैठक किया गया। दरिहट पंचायत के सभी वार्ड सदस्यों ने अपनी अपनी वार्ड की रिपोर्ट प्रखंड विकास पदाधिकारी अरुण कुमार को सौंपी। डेहरी प्रखंड विकास पदाधिकारी ने बताया कि एक महीने के अंदर महज 22 व्यक्तियों की मौत दरिहट गांव में हुई है। वही 20 व्यक्तियों की मौत लकवा मारने से, शुगर की बीमारी से, किडनी की बीमारी से, सड़क दुर्घटना से और पानी में डूबने जैसी घटनाओं से हुई है। वही दो व्यक्तियों की मौत कोरोना संक्रमण से हुई है। एसडीएम सुनील कुमार ने आए हुए सभी जनप्रतिनिधियों और गांव के लोगों से कोरोना के मौतों के बारे में पूछा। दरिहट के पूर्व मुखिया प्रतिनिधि हरिशंकर प्रसाद ने कहा कि इस पंचायत और पूर्व मुखिया को बदनाम करने की साजिश की गई है। यहां पर ऐसी मौतें नहीं हुई है। खबर बनाने वाले इलेक्ट्रिक मीडिया पत्रकार पर कार्रवाई होनी चाहिए। जिला परिषद अध्यक्ष नथुनी राम ने कहा कि दरिहट मेरा गांव है, हम लोगों से बेहतर और कौन जानता है। मौतें तो हुई है? लेकिन कोरोना के कारण सभी मौतें नहीं हुई है। यह कहना गलत है। हम लोगों ने कभी इस बात का आकलन नहीं किया कि कितनी मौतें हुई है। लेकिन वार्ड सदस्यों के आकलन पर 22 व्यक्तियों की मौत हुई है। यह सच है कि, सड़क दुर्घटना में, पानी में डूबने से और विभिन्न बीमारियों से लोगों की मौतें हुई है न कि कोरोनावायरस बीमारियों से। सभी यह आरोप लगाना गलत है कि गांव के लोग दहशत में है। यहां दवा नहीं मिल रहा है। कोई सुध लेने वाला नहीं है। उन्होंने मीडिया बंधुओं से अनुरोध किया कि जो भी खबर लिखें, बनाएं पूर्ण रूप से सत्यता की जांच करें न कि अपनी प्रचार प्रसार के लिए गलत खबरों को चला दे। उन्होंने लोगों से अपील किया कि लगातार स्वास्थ्य विभाग द्वारा टीकाकरण और जांच हो रही है। सभी व्यक्ति टीकाकरण करवाएं। यह एक बिल्कुल सुरक्षित टीकाकरण है। इस बैठक में उपस्थित डीडीसी सुरेंद्र प्रसाद, एसडीएम सुनील कुमार, एएसपी संजय कुमार, प्रखंड विकास पदाधिकारी अरुण कुमार, अनुमंडलीय प्रभारी राजीव कुमार, दरिहट थानाध्यक्ष राजेश कुमार चौधरी, जिला परिषद अध्यक्ष नथुनी राम, अनुमंडलीय अस्पताल के वरीय पदाधिकारी, दरिहट पंचायत के सभी जनप्रतिनिधि गांव में घूम घूम कर मृतको के घर जाकर बात किये। मृतक के परिजन शंकर शर्मा ने बताया कि हमारी मां की मौत हुई थी, लेकिन वह लकवा से ग्रसित थी। ईश्वर शर्मा ने बताया कि मेरे पुत्र की मृत्यु हुई है पर उसकी दोनों किडनी फेल हो गई थी। संजय कुमार ने बताया कि मेरी पिता की मृत्यु हुई है, लेकिन वह वृद्धावस्था में थे, और उनकी मृत्यु होने कोई कारण पता नहीं चला। जांच उपरांत प्रखंड विकास पदाधिकारी अरुण कुमार ने गांव में घूम घूम कर प्रचार प्रसार किया कि दरिहट गावँ का खबर गलत और अफवाह है। इस पर ध्यान न दिया जाए। हम लोगों ने जांच किया है। यह फर्जी वीडियो है, और सरकारी अस्पताल पर टीकाकरण एवं जांच हो रही है। आप सभी गांव के लोग टीकाकरण एवं जांच करवाएं। किसी भी प्रकार की समस्या होने पर आप लोग प्रखंड क्षेत्र के किसी भी पदाधिकारी से बात कर सकते हैं। उनकी अपील पर अधिक लोगों ने आज अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र दरिहट पर जाकर अपना जांच करवाया।
